सुकमा में पंचायत सचिव निलंबित, प्रधानमंत्री आवास और बीमा योजनाओं के क्रियान्वयन में लापरवाही का मामला
गोंदपल्ली पंचायत के सचिव माड़वी हड़मा पर शासकीय योजनाओं के निर्देशों की अवहेलना का आरोप, सात दिनों में आरोप पत्र प्रस्तुत करने के निर्देश
सुकमा में पंचायत सचिव निलंबित, प्रधानमंत्री आ
सुकमा, 22 अक्टूबर 2026। जिले के कोंटा जनपद पंचायत अंतर्गत ग्राम पंचायत गोंदपल्ली के सचिव माड़वी हड़मा को शासकीय योजनाओं के क्रियान्वयन में कथित लापरवाही और शासन के निर्देशों की अवहेलना के मामले में तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। जिला पंचायत सुकमा के मुख्य कार्यपालन अधिकारी मुकुंद ठाकुर द्वारा इस संबंध में आदेश जारी किया गया है। आदेश में निलंबन अवधि के दौरान नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता की पात्रता निर्धारित की गई है।
जारी आदेश के अनुसार, माड़वी हड़मा ग्राम पंचायत गोंदपल्ली के सचिव होने के साथ ग्राम पंचायत गुम्मोड़ी एवं सिलगेर के अतिरिक्त प्रभार की जिम्मेदारी भी संभाल रहे थे। उन पर प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) तथा बीबीजी राम जी कार्यक्रम के कार्यों में लापरवाही बरतने और उच्चाधिकारियों के आदेशों एवं निर्देशों का पालन नहीं करने का आरोप लगाया गया है।
आदेश में उल्लेख किया गया है कि संबंधित सचिव का आचरण छत्तीसगढ़ पंचायत सेवा (आचरण) नियम, 1998 के नियम 3(1) के उपनियम (एक), (दो) एवं (तीन) तथा नियम 2 के उपनियम (एक) एवं (दो) के विपरीत पाया गया। इसके आधार पर छत्तीसगढ़ पंचायत सेवा (अनुशासन तथा अपील) नियम, 1999 के नियम 4(1)(क) के तहत निलंबन की कार्रवाई की गई है।
अन्य पंचायतों में प्रभार व्यवस्था में बदलाव
निलंबन के बाद प्रशासन ने पंचायतों के कामकाज को सुचारु बनाए रखने के लिए अतिरिक्त प्रभार की व्यवस्था में भी बदलाव किया है। आदेश के अनुसार, ग्राम पंचायत गोंदपल्ली का अतिरिक्त प्रभार ग्राम पंचायत केरपाल के सचिव तथा अतिरिक्त प्रभार में कार्यरत सचिव को सौंपा गया है। ग्राम पंचायत गुम्मोड़ी का अतिरिक्त प्रभार ग्राम पंचायत कोण्डासांवली के सचिव को और ग्राम पंचायत सिलगेर का अतिरिक्त प्रभार ग्राम पंचायत ताड़मेटला के सचिव टी. रवि कुमार को दिया गया है। इसके साथ ही ग्राम पंचायत चिमलीपेंटा का अतिरिक्त प्रभार भी टी. रवि कुमार को सौंपा गया है।
सात दिनों के भीतर आरोप पत्र प्रस्तुत करने के निर्देश
जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को कार्रवाई की जानकारी देते हुए आवश्यक निर्देश जारी किए हैं। आदेश में कोंटा जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी को निर्देशित किया गया है कि संबंधित सचिव माड़वी हड़मा के विरुद्ध आरोप पत्र तैयार कर सात दिनों के भीतर प्रस्तुत करना सुनिश्चित करें।
आदेश की प्रतिलिपि कलेक्टर सुकमा, उप संचालक पंचायत, अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) कोंटा तथा संबंधित ग्राम पंचायतों के सरपंचों और सचिवों को भी भेजी गई है, ताकि आवश्यक कार्रवाई और पंचायतों के नियमित संचालन में किसी प्रकार की बाधा न आए।
जिला पंचायत द्वारा जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि निलंबन तत्काल प्रभाव से लागू होगा। प्रशासनिक कार्रवाई का उद्देश्य पंचायत स्तर पर शासकीय योजनाओं के क्रियान्वयन में जवाबदेही सुनिश्चित करना और शासन के निर्देशों के अनुपालन को प्रभावी बनाना है।